SEBI Nomination Rules 2026 के तहत Demat Account और Mutual Fund folio की nomination प्रक्रिया में महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। नए नियम 1 सितंबर 2026 से लागू हो चुके हैं।
अब नया single-holder Demat Account या Mutual Fund folio खोलने वाले निवेशक को nominee की जानकारी देनी होगी। यदि निवेशक किसी को nominee नहीं बनाना चाहता तो उसे निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार nomination से बाहर रहने की घोषणा यानी opt-out declaration जमा करनी होगी।
संयुक्त रूप से रखे गए खाते या folio में nomination वैकल्पिक होगा। हालांकि संयुक्त खाते में nominee जोड़ने या बदलने के लिए सभी खाताधारकों की सहमति जरूरी होगी।
नए नियमों का उद्देश्य nomination प्रक्रिया को आसान बनाना, निवेशक की मृत्यु के बाद संपत्ति के हस्तांतरण में होने वाली परेशानी कम करना और बिना दावे वाली वित्तीय संपत्ति को बढ़ने से रोकना है।
SEBI Nomination Rules 2026 कब से लागू हुए?
SEBI ने संशोधित nomination नियमों का circular 29 मई 2026 को जारी किया था। इन नियमों को Demat Account और Mutual Fund folio के लिए 1 सितंबर 2026 से लागू किया गया है।
नियम मुख्य रूप से इन संस्थाओं पर लागू होते हैं:
- Mutual Fund कंपनियां
- Registrar and Transfer Agents
- Depositories
- Depository Participants
- Demat Account उपलब्ध कराने वाली पंजीकृत संस्थाएं
निवेशक अपने broker, Depository Participant, Mutual Fund कंपनी या संबंधित Registrar की ऑनलाइन अथवा ऑफलाइन सुविधा के माध्यम से nomination प्रक्रिया पूरी कर सकता है।
क्या nominee जोड़ना अनिवार्य है?
नए single-holder Demat Account और Mutual Fund folio में निवेशक के सामने दो विकल्प होंगे:
- एक या अधिक nominee जोड़ें।
- निर्धारित declaration देकर nomination से opt-out करें।
इसका अर्थ यह नहीं है कि हर व्यक्ति को किसी दूसरे व्यक्ति को nominee बनाना ही पड़ेगा। निवेशक nomination नहीं करने का फैसला ले सकता है, लेकिन उसे इस फैसले की औपचारिक घोषणा करनी होगी।
बिना nominee और बिना opt-out declaration के नया single-holder account या folio खोलने की प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकती।
पुराने Demat Account पर क्या असर होगा?
यदि आपका Demat Account या Mutual Fund folio पहले से चल रहा है तो केवल nominee नहीं होने के कारण खाते को अपने आप बंद नहीं किया जाएगा।
पुराने निवेशकों को अपनी nomination स्थिति जांचनी चाहिए और आवश्यकता के अनुसार:
- नया nominee जोड़ना चाहिए।
- मौजूदा nominee की जानकारी सुधारनी चाहिए।
- nominee की हिस्सेदारी बदलनी चाहिए।
- पुराना nominee हटाकर नया nominee जोड़ना चाहिए।
- nomination नहीं चाहते तो opt-out की प्रक्रिया पूरी करनी चाहिए।
निवेशक को अपने broker, Depository Participant या Mutual Fund कंपनी की वर्तमान प्रक्रिया जरूर जांचनी चाहिए।
अधिकतम कितने nominee जोड़े जा सकते हैं?
SEBI Nomination Rules 2026 के अनुसार निवेशक एक Demat Account या Mutual Fund folio में अधिकतम तीन nominee जोड़ सकता है।
निवेशक चाहे तो:
- केवल एक nominee रख सकता है।
- दो nominee रख सकता है।
- अधिकतम तीन nominee रख सकता है।
तीन से अधिक nominee जोड़ने की सुविधा इस circular के अंतर्गत उपलब्ध नहीं है।
कई nominee होने पर निवेश कैसे बंटेगा?
एक से अधिक nominee जोड़ते समय निवेशक प्रत्येक nominee की प्रतिशत हिस्सेदारी दर्ज कर सकता है।
उदाहरण के लिए:
| Nominee | निर्धारित हिस्सा |
|---|---|
| पहला nominee | 50% |
| दूसरा nominee | 30% |
| तीसरा nominee | 20% |
कुल हिस्सेदारी 100 प्रतिशत होनी चाहिए।
यदि निवेशक ने तीन nominee जोड़े, लेकिन किसी की प्रतिशत हिस्सेदारी दर्ज नहीं की, तो खाते या folio की संपत्ति सभी nominee में बराबर बांटी जाएगी।
विभाजन के बाद कोई ऐसी बची हुई इकाई जिसे बराबर बांटना संभव न हो, वह nomination form में लिखे गए पहले nominee को दी जा सकती है।
Nominee के लिए कौन-सी जानकारी जरूरी है?
Nomination form में सामान्यतः निम्न जानकारी जरूरी होगी:
- nominee का नाम
- निवेशक से nominee का संबंध
- नाबालिग nominee होने पर जन्मतिथि
इनके अतिरिक्त कुछ जानकारियां वैकल्पिक हो सकती हैं:
- मोबाइल नंबर
- ईमेल पता
- डाक का पता
- प्रत्येक nominee की प्रतिशत हिस्सेदारी
- PAN, Aadhaar या अन्य पहचान विवरण
- नाबालिग nominee के guardian की जानकारी
हालांकि कुछ जानकारी SEBI के circular में वैकल्पिक है, लेकिन broker, Depository Participant या Mutual Fund कंपनी लागू पहचान नियमों के अनुसार अतिरिक्त जानकारी मांग सकती है।
क्या नाबालिग को nominee बनाया जा सकता है?
हां, नाबालिग बच्चे को nominee बनाया जा सकता है। ऐसी स्थिति में उसकी जन्मतिथि देना जरूरी होगा।
नाबालिग nominee होने पर guardian का नाम और जानकारी देना उपयोगी है। नाबालिग स्वयं कानूनी तथा वित्तीय प्रक्रिया पूरी नहीं कर सकता, इसलिए उसके guardian की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है।
Nomination form भरते समय नाबालिग की उम्र, guardian का नाम और संबंध सही दर्ज करें।
Joint Account के लिए क्या नियम हैं?
संयुक्त रूप से रखे गए Demat Account या Mutual Fund folio में nomination वैकल्पिक है। इसका अर्थ है कि joint holders चाहें तो nominee जोड़ सकते हैं या बिना nominee के संयुक्त holding जारी रख सकते हैं।
यदि संयुक्त खाते में nominee जोड़ा या बदला जाता है तो सभी joint holders की सहमति जरूरी होगी। यह शर्त खाते को संचालित करने के तरीके से अलग है।
उदाहरण के लिए, account “Either or Survivor” तरीके से चल रहा हो, तब भी nominee जोड़ने या बदलने के लिए सभी joint holders की सहमति ली जा सकती है।
किसी joint holder की मृत्यु होने पर लागू survivorship तथा transmission नियमों के अनुसार संपत्ति जीवित joint holder के नाम जारी रह सकती है। वास्तविक प्रक्रिया संबंधित संस्था के नियमों और दस्तावेजों पर निर्भर करेगी।
Nomination ऑनलाइन कैसे करें?
Online nomination की सुविधा broker, Depository Participant और Mutual Fund कंपनी के अनुसार अलग हो सकती है। सामान्य प्रक्रिया इस प्रकार है:
- अपने Demat Account या Mutual Fund खाते में login करें।
- Profile, Service Request या Nomination विकल्प खोलें।
- Add Nominee या Update Nominee चुनें।
- nominee का नाम और संबंध दर्ज करें।
- एक से अधिक nominee होने पर हिस्सेदारी भरें।
- नाबालिग nominee होने पर जन्मतिथि और guardian का विवरण दें।
- दर्ज जानकारी दोबारा जांचें।
- OTP, Aadhaar आधारित e-sign, Digital Signature या उपलब्ध प्रमाणीकरण से अनुरोध पूरा करें।
- acknowledgement या reference number सुरक्षित रखें।
ऑनलाइन validation के लिए संस्था Digital Signature Certificate, Aadhaar आधारित e-sign या दो चरणों वाला प्रमाणीकरण इस्तेमाल कर सकती है। इसमें पंजीकृत मोबाइल नंबर और ईमेल पर OTP भेजा जा सकता है।
इसी कारण खाते में सही मोबाइल नंबर और ईमेल दर्ज होना जरूरी है। अपने वित्तीय खातों के login सुरक्षित रखने के लिए Password Manager क्या है और इसका उपयोग कैसे करें पढ़ सकते हैं।
Offline nomination कैसे करें?
यदि ऑनलाइन सुविधा उपलब्ध नहीं है तो nomination form भरकर जमा किया जा सकता है।
सामान्य प्रक्रिया:
- अपने Depository Participant, broker, AMC या Registrar से nomination form लें।
- nominee का सही विवरण भरें।
- हिस्सेदारी तय करें।
- form पर आवश्यक हस्ताक्षर करें।
- मांगे गए दस्तावेज संलग्न करें।
- form संबंधित कार्यालय या सेवा केंद्र पर जमा करें।
- जमा करने की रसीद लें।
सामान्य हस्ताक्षर करने वाले खाताधारक के लिए witness की आवश्यकता नहीं हो सकती। लेकिन यदि खाताधारक हस्ताक्षर के स्थान पर अंगूठे का निशान लगाता है तो लागू form के अनुसार गवाह की जानकारी और हस्ताक्षर मांगे जा सकते हैं।
Nominee बदलने या हटाने की सीमा है?
निवेशक nomination को कितनी भी बार बदल या रद्द कर सकता है। SEBI ने बदलावों की संख्या पर कोई निश्चित सीमा नहीं रखी है।
निवेशक निम्न परिस्थितियों में nomination अपडेट कर सकता है:
- विवाह के बाद
- तलाक या अलगाव के बाद
- बच्चे के जन्म के बाद
- nominee की मृत्यु होने पर
- पारिवारिक संबंध बदलने पर
- निवेश योजना बदलने पर
- nominee की संपर्क जानकारी बदलने पर
हर बड़े पारिवारिक बदलाव के बाद Demat Account, Mutual Fund, बैंक खाते और बीमा की nomination स्थिति जांचना समझदारी है।
Nomination से opt-out कैसे करें?
जो निवेशक किसी को nominee नहीं बनाना चाहता, वह nomination से opt-out कर सकता है।
इसके लिए दो तरीके हो सकते हैं:
- निर्धारित opt-out declaration form भरकर जमा करना।
- Online account में opt-out विकल्प चुनकर declaration स्वीकार करना।
Opt-out करने से पहले निवेशक को यह समझना चाहिए कि उसकी मृत्यु के बाद उत्तराधिकारियों को निवेश प्राप्त करने के लिए अतिरिक्त कानूनी या न्यायालय से जुड़े दस्तावेज जमा करने पड़ सकते हैं। इससे संपत्ति हस्तांतरण में अधिक समय लग सकता है।
इसलिए केवल nominee की जानकारी साझा न करने के कारण जल्दबाजी में opt-out न करें। इसके दीर्घकालिक प्रभाव समझने के बाद निर्णय लें।
क्या nominee ही निवेश का अंतिम मालिक बन जाता है?
Nominee और कानूनी उत्तराधिकारी हमेशा एक ही व्यक्ति नहीं होते।
Nominee का मुख्य काम निवेशक की मृत्यु के बाद संस्था से संपत्ति प्राप्त करने की प्रक्रिया आसान बनाना हो सकता है। कई मामलों में nominee संपत्ति को कानूनी उत्तराधिकारियों की ओर से trustee के रूप में प्राप्त करता है।
संपत्ति पर अंतिम अधिकार लागू उत्तराधिकार कानून, वसीयत और न्यायालय के आदेश से तय हो सकता है। इसलिए बड़ी निवेश राशि होने पर केवल nomination पर निर्भर रहने के बजाय सही वसीयत और उत्तराधिकार योजना पर भी विचार करें।
किसी पारिवारिक विवाद या जटिल उत्तराधिकार स्थिति में योग्य कानूनी सलाहकार से सलाह लें।
Demat Account और Mutual Fund nomination में अंतर
| विषय | Demat Account | Mutual Fund Folio |
|---|---|---|
| सेवा देने वाली संस्था | Depository Participant या broker | AMC या Registrar |
| संपत्ति | शेयर और दूसरी Demat securities | Mutual Fund units |
| ऑनलाइन प्रक्रिया | DP या broker platform | AMC, RTA या निवेश platform |
| अधिकतम nominee | तीन | तीन |
| Opt-out | निर्धारित घोषणा से | निर्धारित घोषणा से |
| Joint holding | nomination वैकल्पिक | nomination वैकल्पिक |
दोनों जगह मूल SEBI नियम समान हो सकते हैं, लेकिन आवेदन का interface और दस्तावेज संस्था के अनुसार अलग हो सकते हैं।
Mutual Fund निवेशकों को क्या करना चाहिए?
Mutual Fund निवेशकों को प्रत्येक folio की nomination स्थिति अलग से जांचनी चाहिए। यदि एक ही व्यक्ति के नाम अलग-अलग AMC में कई folio हैं तो सभी में nominee की स्थिति एक जैसी होना जरूरी नहीं है।
जांच करें:
- किस folio में nominee दर्ज है?
- nominee का नाम सही है या नहीं?
- हिस्सेदारी दर्ज की गई है या नहीं?
- nominee का संबंध सही है?
- किसी पुराने या मृत व्यक्ति का नाम तो नहीं है?
- मोबाइल नंबर और ईमेल चालू हैं या नहीं?
यदि आप Mutual Fund में निवेश की शुरुआत समझना चाहते हैं तो SIP क्या है और इसे कैसे शुरू करें पढ़ सकते हैं।
Nomination करते समय होने वाली सामान्य गलतियां
1. नाम की गलत वर्तनी
Nominee का नाम उसके पहचान दस्तावेज के अनुसार भरें।
2. कुल हिस्सेदारी 100 प्रतिशत न होना
एक से अधिक nominee होने पर सभी की कुल हिस्सेदारी जांचें।
3. पुराने nominee को न बदलना
विवाह, तलाक या मृत्यु जैसी स्थिति के बाद nomination अपडेट करें।
4. नाबालिग की जन्मतिथि न देना
Minor nominee के लिए जन्मतिथि आवश्यक है।
5. गलत मोबाइल नंबर दर्ज करना
OTP और सूचना प्राप्त करने के लिए चालू नंबर रखें।
6. acknowledgement सुरक्षित न रखना
Online या offline बदलाव की रसीद तथा reference number सुरक्षित रखें।
7. Nominee को कानूनी वारिस समझ लेना
Nomination और उत्तराधिकार कानून अलग विषय हो सकते हैं।
निवेशकों के लिए जरूरी जांच सूची
अपने सभी निवेशों के लिए यह जांच पूरी करें:
- Demat Account में nominee दर्ज है या नहीं?
- हर Mutual Fund folio में nomination पूरी है?
- nominee का नाम पहचान दस्तावेज से मेल खाता है?
- nominee की हिस्सेदारी सही है?
- कुल हिस्सेदारी 100 प्रतिशत है?
- नाबालिग nominee के लिए guardian दर्ज है?
- मोबाइल नंबर और ईमेल चालू हैं?
- पुराने nominee को बदलने की जरूरत है?
- nomination acknowledgement सुरक्षित है?
- परिवार को निवेश खातों की जानकारी है?
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या नए Demat Account में nominee जरूरी है?
नए single-holder Demat Account में nominee देना होगा या निर्धारित opt-out declaration जमा करना होगा।
क्या Mutual Fund में nominee न होने से निवेश बंद हो जाएगा?
पुराने folio के लिए केवल nominee न होने के कारण निवेश स्वतः समाप्त नहीं होता। फिर भी nomination स्थिति जांचकर अपडेट करना उचित है।
अधिकतम कितने nominee बनाए जा सकते हैं?
एक Demat Account या Mutual Fund folio में अधिकतम तीन nominee जोड़े जा सकते हैं।
हिस्सेदारी नहीं लिखी तो क्या होगा?
एक से अधिक nominee होने और प्रतिशत हिस्सा दर्ज न होने पर संपत्ति बराबर बांटी जा सकती है।
क्या joint account में nominee अनिवार्य है?
नहीं। संयुक्त Demat Account या Mutual Fund folio में nomination वैकल्पिक है।
क्या nominee को कभी भी बदला जा सकता है?
हां। निवेशक nominee को कितनी भी बार जोड़, बदल या रद्द कर सकता है।
क्या nomination ऑनलाइन हो सकती है?
हां। संस्था के अनुसार OTP, Aadhaar आधारित e-sign या Digital Signature से ऑनलाइन प्रक्रिया उपलब्ध हो सकती है।
क्या nominee ही कानूनी वारिस होगा?
जरूरी नहीं। अंतिम अधिकार वसीयत और लागू उत्तराधिकार कानून के अनुसार तय हो सकता है।
निष्कर्ष
SEBI Nomination Rules 2026 ने Demat Account और Mutual Fund folio में nomination को सरल और स्पष्ट बनाने का प्रयास किया है। नए single-holder खाते में nominee जोड़ना या निर्धारित opt-out declaration देना आवश्यक है।
निवेशक अधिकतम तीन nominee जोड़ सकता है और प्रत्येक की हिस्सेदारी निर्धारित कर सकता है। हिस्सा दर्ज न करने पर संपत्ति बराबर बांटी जा सकती है। Joint account में nomination वैकल्पिक है, लेकिन बदलाव के लिए सभी joint holders की सहमति जरूरी होगी।
अपने Demat Account और सभी Mutual Fund folio की nomination स्थिति आज ही जांचें। सही nominee और अद्यतन जानकारी भविष्य में परिवार के लिए निवेश प्राप्त करने की प्रक्रिया को आसान बना सकती है।
अस्वीकरण: यह लेख केवल सामान्य जानकारी और निवेशक जागरूकता के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसे निवेश, कर या कानूनी सलाह न मानें। Nomination किसी व्यक्ति को हर परिस्थिति में अंतिम कानूनी मालिक नहीं बनाती। नियम, प्रक्रिया और मांगे जाने वाले दस्तावेज संस्था तथा खाते के प्रकार के अनुसार बदल सकते हैं। कोई निर्णय लेने से पहले SEBI का वर्तमान circular, अपने Depository Participant, Mutual Fund कंपनी और आवश्यकता होने पर योग्य वित्तीय या कानूनी सलाहकार से पुष्टि करें।


